नमक का सूत्र क्या है और नमक का रासायनिक नाम क्या है?

नमक का सूत्र
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नमस्कार दोस्तों आपका स्वागत है एक बार फिर से हमारी हिंदी केमिस्ट्री की इस वेबसाइट पर। हम आपके लिए आज एक बहुत महत्वपूर्ण लेख लेकर आए हैं। नमक के बारे में तो हर किसी व्यक्ति ने सुना होगा और आप सभी रोज नमक को अपने किचन में देखते होंगे। पर क्या आप जानते हैं कि नमक का सूत्र क्या है, साधारण नमक का सूत्र, Chemical Formula of Salt क्या होता है। अगर आप नहीं जानते तो आप एकदम सही जगह आए हैं आज हम आपको नमक के बारे में संपूर्ण जानकारी देंगे।

नमक का सूत्र से संबंधित आज हम जिन प्रश्नों के बारे में अपने इस आर्टिकल में बताएंगे वे इस प्रकार हैं कि सेंधा नमक का सूत्र क्या है, आयोडीन नमक का सूत्र की होता है, Namak Ka Rasayanik Naam, Namak Ka Rasayanik Sutra, Namak Ka Sutra आदि। इसके अलावा हम आपको नमक के रासायनिक और भौतिक गुणों से संबंधित जानकारियां देंगे। तो चलिए शुरू करते हैं अपना आज का महत्वपूर्ण लेख।

जल का सूत्र क्या है?

नमक का सूत्र क्या है? (Chemical Formula of Salt)

क्या आप जानते हैं कि नमक का सूत्र क्या है? नमक का सूत्र NaCl होता है इसका रासायनिक नाम सोडियम क्लोराइड है इसे साधारण नमक भी कहा जाता है। यह एक अकार्बनिक पदार्थ होता है। नमक एक ऐसा रासायनिक पदार्थ है जिसके बिना खाने का स्वाद एकदम खराब सा लगता है। अतः दैनिक जीवन में नमक का बहुत महत्वपूर्ण रोल है जो किसी और पदार्थ द्वारा पूर्ण कर पाना संभव नहीं है। यह एक प्रकार का लवण है जो सोडियम और क्लोराइड आयनों से मिलकर बनता है। इसका सूत्र NaCl होता है। सेंधा नमक का सूत्र भी मुख्यता NaCl ही होता है परंतु इसमें अन्य कई महत्वपूर्ण खनिज भी मिले हुए होते हैं।

नमक को कुछ अन्य नामों से भी जाना जाता है जो कि इस प्रकार हैं कि साधारण नमक – Normal Salt, Halite, Rock Salt, Saline, Sodium Chloric, Table Salt आदि। 

namak ka sutra

नमक की भौतिक विशेषताएं

अब हम अपने इस लेख नमक का सूत्र के अंतर्गत आपको इस की भौतिक विशेषताएं और गुण धर्मों के बारे में बताएंगे, जिससे कि आप किसी पदार्थ को देखकर यह पता लगा सके कि यह नमक है अथवा अन्य कोई और पदार्थ। तो चलिए जान लेते हैं नमक की भौतिक विशेषताएं –

  • साधारण नमक जोकि सोडियम क्लोराइड होता है एक रंगहीन और गंध हीन क्रिस्टलीय योगिक होता है। नमक से किसी प्रकार की गंध नहीं आती है और ना ही इसका कोई कलर होता है। यह आपको स्वेत क्रिस्टल के रूप में देखने को मिलेगा।
  • नमक का गलनांक 804 डिग्री सेंटीग्रेड होता है। यह वह ताप है जिस पर ठोस अवस्था का नमक द्रव अवस्था में परिवर्तित हो जाता है।
  • नमक का अपवर्तनांक 10.542 ज्ञात किया गया है तथा इस नमक का आपेक्षित घनत्व 2.16 ज्ञात होता है। अब यदि नमक की कठोरता की बात की जाए तो उसका मान 255 के बराबर होता है। साधारण नमक का मोलर द्रव्यमान 58.44 gram/mol होता है।
  • नमक के घुलनशीलता को यदि बताया जाए तो यह ठंडे पानी में कम घुल पाता है। वहीं दूसरी तरफ यदि इसे गर्म पानी में घोला जाए तो यह बहुत तेजी से गर्म पानी में घुल जाता है अर्थात इसकी विलेयता गर्म पानी में बढ़ जाती है। नमक को बर्फ के साथ मिलाने पर बर्फ का तापमान 21 डिग्री सेंटीग्रेड तक कम हो जाता है।

नमक के रासायनिक गुणधर्म 

अब हम अपने इस लेख नमक का सूत्र के अंतर्गत आपको इस की रसायनिक विशेषताएं और गुण धर्मों के बारे में बताएंगे, जिससे कि आप किसी पदार्थ की निम्न अभिक्रिया कराकर यह पता लगा सके कि यह नमक है अथवा अन्य कोई और पदार्थ। तो चलिए जान लेते हैं नमक की रसायनिक विशेषताएं –

  • नमक जिस रासायनिक अभिक्रिया के द्वारा बनता है उसे उदासीनीकरण अभिक्रिया कहते हैं। यह अभिक्रिया उत्क्रमणीय होती है, जो दोनों दिशाओं में चल सकती है। नमक में जल मिलाकर उचित अवस्थाएं देने पर यह पुनः HCl और NaOH का निर्माण करता है।
  • जल में नमक आसानी से घुल जाता है अर्थात इसकी घुलनशीलता जल में बहुत अच्छी है।

खाने वाले नमक का निर्माण कैसे किया जाता है?

इस नमक का निर्माण समुद्री जल का वाष्पीकरण करके बनाया जाता। इसमें समुद्र और महासागरों का जल इस लिए प्रयोग में लाते हैं क्योंकि इनका पानी खारा होता है और अधिक मात्रा में लवण पाए जाते हैं।

namak ka rasayanik sutra

नमक का उपयोग बताइए

चलिए अब नमक के महत्वपूर्ण उपयोगो के बारे में जान लेते हैं कि यह किस किस के काम आता है-

  • सर्वप्रथम इसका उपयोग खाना बनाने में किया जाता है। यह खाने को स्वाद से भर देता है। बिना नमक के खाने में कोई स्वाद नहीं आता है।
  • इसका प्रयोग अग्निशामक यंत्रों अर्थात अग्नि बुझाने वाले यंत्रों में भी किया जाता है।
  • सभी जीवो के लिए सोडियम क्लोराइड अर्थात नमक बहुत महत्वपूर्ण होता है। क्योंकि यह जीवो के शरीर की बहुत सारी क्रियाओं को सुचारू रूप से चलाने में सहायक होता है। आयोडीन युक्त नमक बनाकर यह हमारी घेंघा आदि जैसे कई रोगों से रक्षा करता है।
  • भोजन को लंबे समय तक संग्रहित रखने के लिए भी नमक का प्रयोग किया जाता है।
  • विभिन्न प्रकार की रासायनिक अभिक्रिया में अभिकारक के रूप में भी नमक का प्रयोग किया जाता है।

यूरिया का सूत्र क्या है?

नमक का सूत्र से संबंधित अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रश्न: नमक किससे मिलकर बनता है?
उत्तर: जब धातु के धनायन और धातुओं के रे डायन आपस में मिलते हैं तब नमक का निर्माण होता है। धनायन अर्थात cation 1st समूह के और 2nd समूह के क्षार धातु तत्व भी हो सकते हैं। इसके अलावा group 3 से group 12 तक संक्रमण धातु तत्व, या group 13 से एल्यूमीनियम भी हो सकते हैं।

प्रश्न: नमक का एक उदाहरण बताइए?
उत्तर: सोडियम क्लोराइड NaCl इसे टेबल सॉल्ट भी कहा जाता है, नमक का एक उदाहरण है। यह HCl एसिड और सोडियम हाइड्रॉक्साइड (NaOH) के उदासीनीकरण अभिक्रिया के द्वारा बनता है।

प्रश्न: यह बताइए कि नमक एक योगिक है या फिर एक मिश्रण?
उत्तर: लवण अर्थात नमक एक आयनिक यौगिक होते हैं। वे एक आयनिक बंधो के द्वारा से एक साथ जुड़े हुए Cation और Anion से मिलकर बने होते हैं। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि धनायन उन्हें कहा जाता है जो रसायनिक अभिक्रियाओं में इलेक्ट्रॉनों को दान करते हैं तथा ऋणआयन उन्हें कहा जाता है जो इलेक्ट्रॉनों को ग्रहण करते हैं।

निष्कर्ष

आज के इस लेख में हमने आपको बताया कि नमक का सूत्र क्या है, इसकी विशेषताएं और गुणधर्म के बारे में। अगर आपको हमारा ये लेख पसंद आया हो तो हमें कमेंट करके ज़रूर बताएं।

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